कोशिश करो: दो कवी के बीच का वार्तालाप

दो कवी मिले एक दफा,

सुनाने लगे एक दुसरे को अपने ज़िदगी की कथा.

बातों ही बातों में अपना दर्द बाटने लगे,

ज़िन्दगी की इस पहेली को सुलझाने लगे.

 

पेहले कवी ने कहा,

‘हर किसी की एक अलग कहानी है,

हर कोई अपनी अलग ही जंग लड़ रहा है.

हर किसी की अपनी एक अलग मजबूरी है

हर कोई ज़िन्दगी से जूझ रहा है; झगड़ रहा है.

 

आराम की ज़िन्दगी कोई नहीं जी रहा

सुकून यहाँ किसी के पास नहीं,

मुश्किलें हर एक की राहों में है बीछी हुई,

कोई लड़ते लड़ते मर रहा है, और कोई है, जिसमे लड़ने की हिम्मत अब बची नहीं.’

 

उसके मन के क्लेश को समझते हुए दुसरे कवी ने कहा,

‘ख़ुशी के पहले हमेशा,

दुःख का एक पढ़ाव आता है,

तभी तो ख़ुशी इतनी मीठी लगती है,

और पढ़ाव के आगे निकलने को जी चाहता है.

 

सफलता के रास्ते सीधे नहीं है मेरे दोस्त,

तकलीफें सबको उठानी पडती है,

शोहरतों की डाली नीचे नहीं आती,

छलांग हमें ही लगानी पड़ती है.’

 

ये सुन पेहला कवी निराश हुआ

और अपने मन के विचारों में और उलझ गया

‘माना की मुश्किलें हर एक के रास्तों में होती है,

पर ज़िन्दगी का कडवा सच ये भी है,

की जो इन मुश्किलों को पार कर जाता है,

वो विजेता कहलाता है

और जो इन मुश्किलों में उलझ कर रह जाता है,

उसे ये ज़माना भूल जाता है.

 

हर एक इंसान इस दल दल से बाहर नहीं निकलता

जो निकल जाता है, बस उसे ये ज़माना याद रखता है.

पर जो इस दल दल में डूब कर मर जाता है,

उसकी परवाह, मुझे बताओ, भला कौन करता है?’

 

अपने दोस्त का हौसला टूटते हुए देख दूसरा कवी हताश हुआ,

और अपने दोस्त के मन का मतभेद दूर करने हेतु कहा,

‘माना की हर किसी को अपनी जंग मिली है,

माना की हर किसी की राहों में मुश्किलें बीछी है,

पर ज़िन्दगी का मकसद जीतना नहीं है मेरे दोस्त,

ज़िन्दगी का मकसद तो है लड़ना.

 

क्यूंकि हारा वो नहीं है जो दल दल में डूब गया है,

हारा तो वो है, जो अपने रास्ते पे चलने से डर रहा है.

और मौत किसी सफ़र के अंत में नहीं आती है,

बल्कि सफ़र का अंत तब हो जाता है, जब मुश्किलों से लड़ने की हिम्मत चली जाती है.’

 

ये सुन पेहला कवी बौखलाया,

‘तो तुम चाहते हो की मै हारने के लिए लडू?’

तो दूसरा कवी मुस्कुराया,

‘नहीं मेरे दोस्त, मै चाहता हूँ की तुम जीतने की पूरी कोशिश करो.’

 

झिझकते हुए पेहले कवी ने पूछा,

‘और फिर भी हार गया तो?’

तब दुसरे कवी ने मुस्कुराते हुए कहा,

‘तो मेरे दोस्त, दुबारा कोशिश करो.’

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